प्रकृति ने किया भोले का अभिषेक भाऊँखेड़ी, कांकरखेड़ा जलाशय हुआ लबालब
राजेश बनासिया, भाऊँखेड़ी
एमपी मीडिया पाइंट
प्राचीन शिव मंदिर के गर्भगृह मे बाहर बने विशाल कुंड के पानी से आज भगवान भोलेनाथ का अभिषेक हो गया यह मान्यता है की जब भाऊँखेड़ी के प्राचीन शिवालय प्रांगण में बने कुंड का बारिश के पानी से भगवान भोले नाथ के गर्भगृह में पानी से लबालब हो जाता है तो यह संकेत दर्शाता है कि अब क्षेत्र में भरपूर बारिश हो गई है और ये संकेत आज भाऊँखेड़ी के प्राचीन शिव मंदिर में देखने को मिला जहां प्रकृतिक ने स्वयं भगवान भोले का अभिषेक किया
इछावर तहसील के सबसे दमदार तालाबो में शुमार
कांकरखेड़ा जलाशय अभी दो दिन पहले हुई बारिश से लबालब भर गया है पानी का स्तर वेस्ट वेयर से बाहर छलकने लगा है,जिससे भाऊँखेड़ी कांकरखेड़ा,लसूड़ियाराम के बीच होकर बहने वाली उतावली नदी में पानी की धार बढ़ गई है।इछावर सहित कांकरखेड़ा,भाऊँखेड़ी के रहवासियों के लिए यह खुशी की बात है क्योकि इसी तालाब पर न केवल क्षेत्रवासियों की रबी की फसल आधारित है बल्कि गर्मी के दिनों पेयजल की पूर्ति भी इसी तालाब के दम पर पिछले कई दशकों से निपटा जा रहा है।ओर इसी तालाब से हजारों किसान को फसलो के लिए पानी के लिए निर्भर है। इसी तालाब के नीचे लगे बोरो से इछावर नगर में पानी की सप्लाई होती है जिससे नगर में जल की पूर्ति होती ओर यही नगर की जलापूर्ति का मुख्य स्रोत है।अगस्त माह में तालाब का लेबल फूल होने से किसान सहित सभी के चेहरों पर खुशी झलक रही है।
राजेश बनासिया, भाऊँखेड़ी
एमपी मीडिया पाइंट
प्राचीन शिव मंदिर के गर्भगृह मे बाहर बने विशाल कुंड के पानी से आज भगवान भोलेनाथ का अभिषेक हो गया यह मान्यता है की जब भाऊँखेड़ी के प्राचीन शिवालय प्रांगण में बने कुंड का बारिश के पानी से भगवान भोले नाथ के गर्भगृह में पानी से लबालब हो जाता है तो यह संकेत दर्शाता है कि अब क्षेत्र में भरपूर बारिश हो गई है और ये संकेत आज भाऊँखेड़ी के प्राचीन शिव मंदिर में देखने को मिला जहां प्रकृतिक ने स्वयं भगवान भोले का अभिषेक किया
कांकरखेड़ा तालाब हुआलबालब किसानों के चेहरे खिले
इछावर तहसील के सबसे दमदार तालाबो में शुमार
कांकरखेड़ा जलाशय अभी दो दिन पहले हुई बारिश से लबालब भर गया है पानी का स्तर वेस्ट वेयर से बाहर छलकने लगा है,जिससे भाऊँखेड़ी कांकरखेड़ा,लसूड़ियाराम के बीच होकर बहने वाली उतावली नदी में पानी की धार बढ़ गई है।इछावर सहित कांकरखेड़ा,भाऊँखेड़ी के रहवासियों के लिए यह खुशी की बात है क्योकि इसी तालाब पर न केवल क्षेत्रवासियों की रबी की फसल आधारित है बल्कि गर्मी के दिनों पेयजल की पूर्ति भी इसी तालाब के दम पर पिछले कई दशकों से निपटा जा रहा है।ओर इसी तालाब से हजारों किसान को फसलो के लिए पानी के लिए निर्भर है। इसी तालाब के नीचे लगे बोरो से इछावर नगर में पानी की सप्लाई होती है जिससे नगर में जल की पूर्ति होती ओर यही नगर की जलापूर्ति का मुख्य स्रोत है।अगस्त माह में तालाब का लेबल फूल होने से किसान सहित सभी के चेहरों पर खुशी झलक रही है।



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