बैंकों के सामने लगी लोगों की भीड़ 

इछावर,  एमपी मीडिया पाइंट 


शासन ने लाकडाउन-2 के दौरान कुछ मामलों मे सशर्त राहत प्रदान की है लेकिन देखा जा रहा है लोग नियमों के उल्लंघन से बाज नहीं आ रहे।खासतौर पर बैंकों के अंदर और बाहर, दोनों ही ओर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं किया जा रहा, वहीं कई व्यक्ति मास्कविहीन भी दिखाई दे रहे जो किसी भी क्षण कोरोनावाहक के रुप मे मुसीबत का कारण बन सकते हैं।
लोगो के जनधन खातों में रुपए आने के बाद से ही हर दिन बैंकों के बाहर कतार लग रही हैं। मंगलवार को भी बैंक खुलते ही कतारे लगना शुरू हुई। 
मंगलवार की सुबह 10 बजे के बाद से ही इछावर नगर के लगभग सभी बैंकों के सामने कतारें लगी नजर आईं। पुलिस ने कई बार पहुंचकर लोगों को सोशल डिस्टेंस से खड़ा कराया, लेकिन पुलिस के जाते ही भीड़ फिर एकत्रित होती रही। ऐसी स्थिति में अब पुलिस के साथ-साथ यहां बैंक प्रबंधन को भी व्यवस्थाएं बनाने की जरूरत है और बैंक सुरक्षा गार्डों को इस व्यवस्था में लगाना होगा, लेकिन अभी तक इस ओर किसी का कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। बैंकों के बाहर जो कतारे लग रही हैं उनमें लोग बगैर मास्क पहने भी खड़े रहते हैं, यदि यहां कोई संक्रमित व्यक्ति हुआ तो कई लोग इसकी चपेट में आ जाएंगे। बैंकों ने अंदर तो सेनेटाइजर रखा हुआ है, लेकिन बाहर न तो हाथ धोने की व्यवस्था है और नही सेनेटाइजर की। 

टोटल लॉकडाउन हो रहा फेल 

जिस उद्देश्य से टोटल लॉकडाउन किया गया है वह उद्देश्य पूरा होता नजर नहीं आ रहा है, क्योंकि बैंकों तक जाने के लिए ही सैकड़ों लोग बगैर मास्क लगाए घरों से निकल रहे हैं। बैंकों के सामने झुंड बनाकर खड़े दिखाई देते हैं। इस ओर जिम्मेदार अधिकारियों के ध्यान देने की जरूरत है। 

वृद्ध पहुंच रहे बैंक

रुपए निकालने के लिए वृद्ध भी बैंक पहुंच रहे हैं, जिन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वही वृद्धजनों को बड़ी कठिनाई से गांवों से लेकर आना पड़ रहा है। लोगों को थोड़ी राहत प्रदान करने के कारण कुल मिलाकर लाकडाउन-2 पूरी तरह असरहीन साबित होने लगा है 
Share To:

Post A Comment: